Being in Delhi

पेट्रोल के बाद अब कार, बाइक होगा सस्ता, 15% तक क़ीमत में राहत से झूम उठेगा फिर पुरा देश
Being in Delhi

पेट्रोल के बाद अब कार, बाइक होगा सस्ता, 15% तक क़ीमत में राहत से झूम उठेगा फिर पुरा देश

कार, बाइक का दाम होगा कम. स्टील, लौह अयस्क, प्लास्टिक, कोकिंग कोल समेत कई कच्चे माल पर लगने वाले आयात शुल्क में कटौती से मकान बनाने की लागत कम होने के साथ ही कार और स्कूटर की कीमतों में भी राहत मिल सकती है। गत शनिवार को सरकार विभिन्न प्रकार के कच्चे माल के आयात शुल्क के साथ पेट्रोल और डीजल पर लगने वाले उत्पाद शुल्क कम करने की घोषणा की थी। अब इसका असर दिखने लगा है। श्रीसीमेंट ने तो सोमवार को सीमेंट के दाम में कटौती का एलान कर डाला। हालांकि कंपनी ने यह नहीं बताया है कि वह कितना दाम कम करेगी।   15% तक होगा सस्ता. इंजीनियरिंग एक्सपोर्ट काउंसिल के अनुमान के मुताबिक सरकार के फैसले से स्टील के दाम में 15 प्रतिशत तक की कमी आ सकती है। लौह अयस्क भी 4000 रुपये प्रति टन तक सस्ता हो सकता है। ढुलाई लागत कम होने से अन्य जिंसों के दाम भी कम होने की संभावना है।   मकान और मारुति ...
अब ट्रैफ़िक पुलिस पकड़ ले तो WhatsApp करेगा काम, 9013151515 पर HI लिख के मँगवा सकते हैं लाइसेन्स
Being in Delhi

अब ट्रैफ़िक पुलिस पकड़ ले तो WhatsApp करेगा काम, 9013151515 पर HI लिख के मँगवा सकते हैं लाइसेन्स

अब अगर ट्रैफिक चेकिंग में कहीं पर भी आप पकड़े जाते हैं और आपके पास आपके कागजात नहीं हैं और गलती से आपने डिजी लॉकर जैसे मोबाइल एप्लीकेशन जिसमें आप अपने मूल प्रमाण पत्र इत्यादि रखते हैं वह इंस्टॉल नहीं हो तो भी आपको चिंता करने की अब जरूरत नहीं. डिजी लॉकर की सेवाओं को व्हाट्सएप के जरिए जोड़ दिया गया है जिसके तहत अब आप सीधा डिजिलॉकर के अधिकारिक व्हाट्सएप नंबर 9013151515 पर Hi लिखकर भेजने के साथ ही आपके साइन अप किए गए मोबाइल नंबर के वेरिफिकेशन के उपरांत मोबाइल व्हाट्सएप पर ही आपके कागजात आपको चैट वोट के माध्यम से उपलब्ध करा दिए जाएंगे. क्योंकि डॉक्यूमेंट सीधा डिजी लॉकर के तरफ से होगा इसलिए यह सारे डॉक्यूमेंट फिर से वैसे ही वैध माने जाएंगे जैसे कि सामान्य तौर पर आपके डीजे लॉकर के डॉक्यूमेंट माने जाते हैं.   यह सारे डॉक्यूमेंट रहेंगे उपलब्ध. ड्राइविंग लाइसेंस वाहन आरसी सर्टिफिक...
दिल्ली के लिए आज से नया सफ़र का साथी, 150 नयी e-BUS सस्ते किराए में देंगे कनाट प्लेस से 26 रूट पर सेवा
Being in Delhi

दिल्ली के लिए आज से नया सफ़र का साथी, 150 नयी e-BUS सस्ते किराए में देंगे कनाट प्लेस से 26 रूट पर सेवा

दिल्लीवालों के लिए दिल्ली सरकार आज बड़ा तोहफा देने जा रही है। दिल्ली में एक साथ 150 इलेक्ट्रिक (ई) बसों को सार्वजनिक बेड़े में शामिल करने जा रही है। इन इलेक्ट्रिक बसों को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल हरी झंडी दिखाकर आइपी डिपो से रवाना करेंगे। इससे पहले मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जनवरी में दो प्रोटोटाइप इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाई थी। दिल्ली की सड़कों पर चलने वाली इन इलेक्ट्रिक बसों में जनता तीन दिन तक मुफ्त में मुफ्त में यात्रा कर सकेगी। किसी से कोई टिकट नहीं लिया जाएगा। यह सुविधा 24 मई से लेकर 26 मई तक जारी रहेगी। इस बारे में परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि यह हमारे लिए बहुत बड़ा दिन है। दिल्ली सरकार हमेशा अपने लोगों के लिए बेहतर यातायात प्रबंध करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि हम देखना चाहते हैं कि लोग इन बसों में यात्रा करें, इसकी सुविधा का अनुभव लें और अपने अ...
दिल्ली में रहना होगा और महँगा. बढ़ेगा टैक्स, लगेगा नए सिरे से आवासीय और व्यवसायिक शुल्क
Being in Delhi

दिल्ली में रहना होगा और महँगा. बढ़ेगा टैक्स, लगेगा नए सिरे से आवासीय और व्यवसायिक शुल्क

दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के अस्तित्व में आने के बाद सबसे बड़ी चुनौती आर्थिक स्थिति सुधारने की होगी। ऐसे में संपत्ति से लेकर विभिन्न करों में एकरूपता लाने के लिए जल्द ही पूर्व में दक्षिणी दिल्ली नगर निगम (एसडीएमसी) में लागू करों को एमसीडी में लागू किया जा सकता है। वहीं, इससे उत्तरी व पूर्वी दिल्ली के लोगों पर आर्थिक बोझ पड़ सकता है। हालांकि, यह फैसला विशेष अधिकारी को लेना है, लेकिन इसे आने वाले दिनों में अपनाया जा सकता है, क्योंकि उत्तरी और पूर्वी निगम की तुलना में दक्षिणी निगम में संपत्तिकर और लाइसेंस फीस ज्यादा है। तीन निगम होने से अलग-अलग नीतियां थीं। साथ ही कर की गणना भी अलग-अलग तरीके से होती थी। ऐसे में दिल्ली नगर निगम के अस्तित्व में आने के बाद नीतियों में एकरूपता लाने की जरूरत है। ऐसे में इस दिशा में दक्षिणी निगम में लागू नीतियों के आधार पर ही एमसीडी की नीति अपनाई जाएगी। निग...
दिल्ली में नया सब्सिडी प्रोग्राम, गाड़ी के जगह लिया e-मोटर तो मिलेगा 10 हज़ार रुपए तक का रक़म
Being in Delhi

दिल्ली में नया सब्सिडी प्रोग्राम, गाड़ी के जगह लिया e-मोटर तो मिलेगा 10 हज़ार रुपए तक का रक़म

बढ़ते प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग (Global Warming) के कारण केंद्र सरकार (Central Government) और राज्य सरकारें लोगों को ज्यादा से ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन (EV) इस्तेमाल करने के लिए लोगों को प्रोत्साहित कर रही हैं. अगर आप ई-साईकिल खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं तो यह खबर आपके काम की है. ई-साइकिल खरीदने वालों को दिल्ली सरकार (Delhi Government) बहुत बड़ी राहत देने वाली है. सरकार ई-साइकिल पर लोगों को सब्सिडी देने जा रही है.   इस मामले पर दिल्ली सरकार ने जानकारी देते हुए बताया है कि जो लोग दिल्ली में ई-साइकिल खरीदेंगे उन्हें दिल्ली सरकार द्वारा 5,500 रुपये की सब्सिडी दी जा रही है. सरकार ने बताया है कि पहले चरण में करीब 10,000 साइकिल पर सरकार सब्सिडी की सुविधा देगी. आगे की योजना और ई-साइकिल पर कितनी सब्सिडी (E-Cycle Subsidy) दी जाएगी इसकी गाइडलाइन्स सरकार जल्द जारी करेगी.   &nbs...
दिल्ली कुतुबमीनार में नमाज़ पर लगी रोक, इमाम से माँगा गया काग़ज़ तो हो गए ग़ायब,
Being in Delhi

दिल्ली कुतुबमीनार में नमाज़ पर लगी रोक, इमाम से माँगा गया काग़ज़ तो हो गए ग़ायब,

  अब कुतुबमीनार परिसर में नमाज नहीं हो सकेगी। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआइ) ने कुतुबमीनार परिसर में नमाज पर प्रतिबंध लगा दिया है। पिछले चार दिन से नमाज बंद है। एएसआइ ने यहां पर नमाज पढ़ने वालों से अनुमति पत्र या इससे संबंधित अन्य कोई दस्तावेज मांगा था, जिसे वे लोग नहीं दे पाए। इसके बाद यहां स्थित मुगलकालीन मस्जिद में नमाज पढ़ना बंद कराया गया है। इस मस्जिद के बगल में ही कुतुबमीनार और कुव्वत-उल-इस्लाम मस्जिद है, इन्हें लेकर विवाद बढ़ने पर एएसआइ ने यह फैसला लिया है। कुतुबमीनार के अस्तित्व को लेकर विवाद हो रहा है। पुरातत्वविदों और इतिहासकारों का एक वर्ग इसे चंद्रगुप्त विक्रमादित्य के समय का का मान रहा है, जबकि दूसरा वर्ग कह रहा है कि इसे कुतुबद्दीन ऐबक ने 1192 में बनवाया था।     नमाज की अनुमति कब दी गई, किसी को भी नहीं पता   कुतुबमीनार में 2006 के कर...
मात्र 350 रुपए में उपलब्ध दिल्ली वाटर पार्क की लिस्ट, सस्ते में उपलब्ध हैं वाटर स्पोर्ट्स की सुविधा
Being in Delhi

मात्र 350 रुपए में उपलब्ध दिल्ली वाटर पार्क की लिस्ट, सस्ते में उपलब्ध हैं वाटर स्पोर्ट्स की सुविधा

उत्तर भारत में गर्मियों की मौसम चल रहा है, 45 डिग्री सेल्सियस के तापमान और लू ने लोगों को परेशान कर दिया है। दिल्ली-एनसीआर में रहने वाले लोग इसके बारे में अच्छे से जानते हैं। यहां तापमान 43 डिग्री सेल्सियस से ऊपर ही रह रहा है। बाहर निकलने पर लोग कतराते हैं। बच्चों से लेकर जवान, बुजुर्ग तक बाहर का आनंद नहीं ले पा रहे हैं। घर से थोड़ा बाहर निकलने पर हम पसीने में नहां जाते हैं। गर्मियों में लोग सबसे ज्यादा वाटर पार्क या हिल स्टेशन जाना पसंद करते हैं। हिल स्टेशन दिल्ली-एनसीआर से काफी दूर पड़ता है और उसके लिए काफी समय चाहिए। लेकिन हम आपको कुछ वाटर पार्कों के बारे में बता रहे हैं, जो दिल्ली-एनसीआर में हैं और आपके घर से ज्यादा दूर भी नहीं होंगे। ये इतने ज्यादा महंगें भी नहीं, जिससे आपके जेब पर ज्यादा भारी दबाव डाले। यहां जाकर आप अपने दोस्तों के साथ मौज मस्ती कर सकते हैं। 1. वर्ड्स आफ वंडर व...
दिल्ली के लाखों घरों में नही आएगा नल का पानी, बचा के रखे घर में अपने बाल्टी का पानी
Being in Delhi

दिल्ली के लाखों घरों में नही आएगा नल का पानी, बचा के रखे घर में अपने बाल्टी का पानी

वजीराबाद में यमुना का जलस्तर घटकर सबसे निम्नतम स्तर पर आ गया है। इस वजह से वजीराबाद में यमुना पूरी तरह सूखने के कगार पर पहुंच गई है। इस वजह से दिल्ली में पेयजल संकट गहरा गया है। वजीराबाद व चंद्रावल जल शोधन संयंत्र से पानी आपूर्ति करीब 50 प्रतिशत प्रभावित हुई है। ओखला जल शोधन संयंत्र से भी पानी आपूर्ति थोड़ी प्रभावित है। इसी क्रम में अब हैदरपुर व बवाना जल शोधन संयंत्र से भी पानी आपूर्ति कम हो गई है। इस वजह से उत्तरी, उत्तरी पश्चिमी, मध्य, दक्षिणी दिल्ली के कई इलाकों के साथ-साथ पश्चिमी दिल्ली में भी पेयजल आपूर्ति प्रभावित हुई है।   अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए जल बोर्ड का कहना है कि अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। वजीराबाद में यमुना का जलस्तर घटने के मद्देनजर पेयजल वितरण युक्तिसंगत बनाया गया है। ताकि सभी इलाकों में पेयजल की जरूरतें पूरी हो सके। इस वजह से ...
दिल्ली के अंदर इन रूट की सड़कों पर नया विकास, रास्ता होगा चौड़ा, चौराहा होगा छोटा, नही लगेगा जाम
Being in Delhi

दिल्ली के अंदर इन रूट की सड़कों पर नया विकास, रास्ता होगा चौड़ा, चौराहा होगा छोटा, नही लगेगा जाम

दिल्ली सरकार यातायात के लिए जिन चौराहों को सिग्नल फ्री नहीं कर सकी है, उन्हें व्यवस्थित करने पर जोर दे रही है। सरकार ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को ऐसे चौराहों की पहचान कर इन्हें व्यवस्थित करने की योजना बनाने के निर्देश दिए हैं। यह परिकल्पना दिल्ली गेट चौराहे को लेकर सरकार के सामने आई है। इस चौराहे को व्यवस्थित करने का काम शुरू भी हो गया है। इसके तहत चौराहे पर चारों दिशाओं की सड़कों के बीच की दूरी घटाई जा रही है, ताकि इससे बत्ती हरी होने पर यहां से अधिक वाहन गुजर सकें। साथ ही, पैदल यात्री भी आसानी से सड़क पार कर सकें। बता दें कि दिल्ली गेट चौराहा दिल्ली के व्यस्ततम चौराहों में शुमार है। भूमिगत मेट्रो लाइन के गुजरने के कारण फ्लाईओवर आदि बनाकर फिलहाल इसे सिग्नल फ्री किया जाना संभव नहीं दिख रहा है। चौराहे में एक समस्या यह भी है कि इसके बीच की दूरी बहुत अधिक है, जिससे बत्ती हरी हो जा...
दिल्ली के इन इलाक़ों में हो सकता हैं अग्निकांड, आज नही लिया ऐक्शन और जाना इलाक़ों के बारे में तो कल पड़ेगा पछताना
Being in Delhi

दिल्ली के इन इलाक़ों में हो सकता हैं अग्निकांड, आज नही लिया ऐक्शन और जाना इलाक़ों के बारे में तो कल पड़ेगा पछताना

करोलबाग का बिडनपुरा इलाका भी आग के मुहाने पर है। यहां की तंग गलियों की बहुमंजिला इमारतों में ज्वेलरी बनाने और उसे साफ करने की तीन हजार से अधिक फैक्ट्रियां चल रही हैं। इन फैक्ट्रियाें में आने-जाने का भी एक ही रास्ता है। इनमें काम करने वाले कामगार रहते हैं। ऐसे में यहां भी मुंडका जैसे भीषण अग्निकांड की आशंका जताई जा रही है। चिंताजनक बात यह है कि आभूषण की सफाई के लिए रसायनों का उपयोग हो रहा है, जो आग लगने की घटना में विकराल रूप धारण करने के साथ हवा और भूजल को प्रदूषित कर रहा है। यहां वर्ष 2018 में एक फैक्ट्री में आग लगने से चार लोगों की मौत हो गई थी। तब उत्तरी निगम ने कार्रवाई करते हुए कई फैक्टियों को सील किया था। अब फिर से यह इलाका विस्फोटक स्थिति में पहुंच गया है। रिहायशी इलाके में चल रहीं फैक्टियां हादसों को दावत दे रही हैं। इससे यहां कार्य कर रहे कामगारों व स्थानीय लोगों की जान खतरे...